आपके द्वारा अपनी सफलता का उल्लेख नहीं किया गया।
(वाच्य का भेद पहचान कर लिखिए)
आपके द्वारा अपनी सफलता का उल्लेख नहीं किया गया।
(वाच्य का भेद पहचान कर लिखिए)
Official answer
कर्मवाच्य (Passive Voice) — क्योंकि 'द्वारा' परसर्ग तथा क्रिया 'किया गया' कर्म 'उल्लेख' के अनुसार है, कर्ता के अनुसार नहीं।
Marking scheme
- 1.1 अंक: सही वाच्य 'कर्मवाच्य' लिखने पर पूर्ण अंक।
Hint
'द्वारा/से' परसर्ग तथा क्रिया का कर्म के लिंग-वचन के अनुसार बदलना कर्मवाच्य की पहचान है।
Quick oral answer
यह कर्मवाच्य है क्योंकि कर्ता 'आप' के साथ 'द्वारा' परसर्ग है और क्रिया 'किया गया' कर्म 'उल्लेख' के लिंग-वचन के अनुसार है।
Common mistakes
- 1.'द्वारा' देखकर सही उत्तर तक तो पहुँच जाना, परंतु उत्तर में 'कर्तृवाच्य' या 'भाववाच्य' लिख देना, अवधारणाओं में भ्रम के कारण।
- 2.कर्मवाच्य और भाववाच्य में अंतर स्पष्ट न होना - भाववाच्य केवल अकर्मक क्रिया से बनता है जबकि यह सकर्मक क्रिया 'उल्लेख करना' का कर्मवाच्य है।
Analysis and explanation
यह वाच्य-पहचान का प्रश्न है — 'द्वारा' परसर्ग और कर्म-प्रधान क्रिया कर्मवाच्य के मुख्य संकेत हैं।
संकल्पना
- कर्ता 'आप' के साथ 'द्वारा' परसर्ग लगा है, जो कर्मवाच्य की मुख्य पहचान है।
- कर्म 'सफलता का उल्लेख' प्रधान बनकर कर्ता के स्थान पर आ गया है, और क्रिया 'किया गया' कर्म 'उल्लेख' (पुल्लिंग, एकवचन) के अनुसार बदल रही है, कर्ता के अनुसार नहीं।
मुख्य बिंदु
- वास्तविक कर्ता 'आप' गौण होकर 'द्वारा' के साथ पीछे चला गया है — यह सकर्मक क्रिया 'उल्लेख करना' का कर्मवाच्य रूप है।
परीक्षा में सावधानी
- केवल 'द्वारा' देखकर पहचानना पर्याप्त नहीं; क्रिया का लिंग-वचन भी कर्म के अनुसार जाँचना चाहिए।
Interesting facts
कर्मवाच्य औपचारिक और सरकारी हिंदी लेखन (जैसे परिपत्र, सूचनाएँ) में अत्यधिक प्रयुक्त होता है क्योंकि यह विनम्रता और अनौपचारिकता से बचाव दर्शाता है।
कर्मवाच्य केवल सकर्मक क्रियाओं से ही बनता है, यह भाववाच्य से इसी आधार पर भिन्न होता है।
Question details
Q22 of 64 questions
- Board
- CBSE
- Class
- Class 10
- Subject
- Hindi Course A
- Year
- 2026
- Section
- Section खंड ख
- Marks
- 1
- Type
- Very Short Answer
- Chapter
- अपठित बोध (काव्यांश)
- Topic
- वाच्य की पहचान
- Bloom's level
- understand
- Syllabus topic
- व्याकरण: वाच्य — कर्तृवाच्य, कर्मवाच्य, भाववाच्य की पहचान
- Author
- CBSE
- Reviewed by
- Padhantu Academic Team
Spotted a mistake or something unclear?
Tell us and we will fix it.
Frequently asked questions
कर्मवाच्य की पहचान कैसे करें?
कर्मवाच्य में कर्ता के साथ 'द्वारा/से' परसर्ग लगता है और क्रिया कर्म के लिंग-वचन के अनुसार बदलती है।
कर्मवाच्य और भाववाच्य में मुख्य अंतर क्या है?
कर्मवाच्य सकर्मक क्रिया से बनता है (कर्म प्रधान), जबकि भाववाच्य अकर्मक क्रिया से बनता है (भाव प्रधान, क्रिया सदा अन्यपुरुष-पुल्लिंग-एकवचन)।